1. You Are At:
  2. India TV
  3. पैसा
  4. बिज़नेस
  5. GST क्रियान्वयन के दौरान कर क्रेडिट दावा मामले में फॉर्म भरने की समयसीमा 30 जून तक बढ़ी

GST क्रियान्वयन के दौरान कर क्रेडिट दावा मामले में फॉर्म भरने की समयसीमा 30 जून तक बढ़ी

सरकार ने वस्‍तु एवं सेवा कर (GST) लागू करने की प्रक्रिया के दौरान के कर क्रेडिट का दावा फॉर्म भरने की समयसीमा 30 जून तक बढ़ा दी है।

Manish Mishra Manish Mishra
Updated on: March 30, 2018 12:45 IST
GST Transitional Credit claims deadline- India TV Paisa

GST Transitional Credit claims deadline

नई दिल्ली सरकार ने वस्‍तु एवं सेवा कर (GST) लागू करने की प्रक्रिया के दौरान के कर क्रेडिट का दावा फॉर्म भरने की समयसीमा 30 जून तक बढ़ा दी है। इसके साथ ही केंद्रीय उत्पाद एवं सीमा शुल्क बोर्ड (CBEC) ने कंपनियों के लिए अंतिम बिक्री रिटर्न फार्म GSTR-1 भरने की समयसीमा अप्रैल से बढ़ाकर जून कर दी है। सीबीईसी ने जीएसटी ट्रान-2 फार्म जमा करने की समयसीमा 30 जून तक के लिए बढ़ा दी है। यह संक्रमणकाल का फॉर्म है जिसमें कंपनियों को जीएसटी क्रियान्वयन की तारीख (एक जुलाई 2017) को अपने माल के स्टॉक पर मानित कर क्रेडिट के दावों के दावे रखने हैं।

वित्तीय सेवा परमर्श कंपनी ईवाई के भागीदार अभिषेक जैन ने कहा कि समयसीमा बढ़ाने से कारोबारियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है जिन्होंने उक्त फार्म भरने में दिक्कतें हुई हैं।

इसके अलावा जीएसटी परिषद के इस महीने किए गए निर्णय को प्रभाव में लाने के लिए सीबीईसी ने जीएसटीआर-1 भरने के लिए तारीख को भी अधिसूचित किया है। परिषद ने जून तक रिटर्न फाइल करने के लिये मौजूदा व्यवस्था को जारी रखने का फैसला किया था।

इसके मुताबिक अप्रैल के लिये जीएसटीआर-1 को 31 मई तक भरना होगा। वहीं मई के लिए 10 जून तक भरने की जरूरत होगी। वहीं जून के लिए इसे 10 जुलाई तक भरना होगा।

Write a comment