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नेहरू की 'गलत' नीतियों के चलते गोवा की आजादी में हुई देर: शिवराज सिंह

भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शिवराज सिंह चौहान ने यहां रविवार को कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की 'गलत' नीतियों ने न केवल दीर्घकालिक जम्मू एवं कश्मीर समस्या पैदा की, बल्कि पुर्तगाली दासता से गोवा की आजादी में भी देरी हुई।

IANS IANS
Published on: August 18, 2019 22:45 IST
shivraj singh chouhan- India TV
shivraj singh chouhan

पणजी: भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शिवराज सिंह चौहान ने यहां रविवार को कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की 'गलत' नीतियों ने न केवल दीर्घकालिक जम्मू एवं कश्मीर समस्या पैदा की, बल्कि पुर्तगाली दासता से गोवा की आजादी में भी देरी हुई। भाजपा के भारत-व्यापी सदस्यता अभियान के क्रम में गोवा पहुंचे मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए यह भी कहा कि अनुच्छेद 370 को निरस्त किए जाने से जम्मू एवं कश्मीर से आतंकवाद और गरीबी, दोनों का उन्मूलन हो जाएगा।

शिवराज ने राज्य भाजपा मुख्यालय में मीडिया से कहा, "कांग्रेस और नेहरू के नेतृत्व के कारण पुर्तगाली कई वर्षो तक गोवा पर शासन करते रहे।" उन्होंने कहा, "ऐसे हालात गलत प्राथमिकताओं के कारण पैदा हुए। मैं मानता हूं कि जिस तरीके से गोवा की प्रगति हुई, जम्मू एवं कश्मीर का भी विकास होगा। आतंकवाद के साथ गरीबी का उन्मूलन हो जाएगा।"

शिवराज ने भारत का अहित करने वाली नीतियां लागू किए जाने के लिए जम्मू एवं कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री शेख अब्दुल्ला के प्रति नेहरू के 'अनुराग' को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा, "मुझे नेहरू के दृष्टिकोण पर कभी-कभी आश्चर्य होता है। जब पकिस्तानी कबायलियों ने भारत पर हमला किया और भारतीय बलों ने बहादुरी से पाकिस्तानी बलों को खदेड़ दिया, तब एकतरफा युद्धविराम की घोषणा की गई। इस मसले को संयुक्त राष्ट्र में ले जाया गया।"

शिवराज ने कहा, "एकतरफा युद्धविराम के कारण पीओके बना। नेहरू कुछ समय इंतजार करते तो समूचा कश्मीर भारत के साथ होता। यह नेहरू की ऐतिहासिक विफलता थी।"

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