1. You Are At:
  2. होम
  3. भारत
  4. राष्ट्रीय
  5. मॉब लिंचिंग पर अगर मूक दर्शक बने रहे तो हिंसा लोगों के घर तक पहुंचेगी: असम पुलिस महानिदेशक

मॉब लिंचिंग पर अगर मूक दर्शक बने रहे तो हिंसा लोगों के घर तक पहुंचेगी: असम पुलिस महानिदेशक

असम के पुलिस महानिदेशक कुलधर सैकिया ने कहा कि लोगों को सड़क पर हो रही हिंसा का मूक दर्शक नहीं बनना चाहिए बल्कि इसे रोकने के लिए सक्रिय कदम उठाना चाहिए। 

Edited by: IndiaTV Hindi Desk [Published on:12 Aug 2018, 7:11 PM IST]
चित्र का इस्तेमाल...- India TV
Image Source : PTI चित्र का इस्तेमाल प्रतीक के तौर पर किया गया है।

गुवाहाटी: असम के पुलिस महानिदेशक कुलधर सैकिया ने कहा कि लोगों को सड़क पर हो रही हिंसा का मूक दर्शक नहीं बनना चाहिए बल्कि इसे रोकने के लिए सक्रिय कदम उठाना चाहिए। पुलिस महानिदेशक ने यहां फोर्थ यामिन हजारिका वुमन ऑफ सब्सटांस अवॉर्ड के मौके पर अपने संबोधन में कहा कि अगर कोई व्यक्ति मूक दर्शक बना रहता है तो हिंसा सिर्फ सड़कों तक ही सीमित नहीं रहती बल्कि लोगों के घरों तक भी फैलती है। इस पुरस्कार से कल प्रसिद्ध वन्यजीव कार्यकर्ता पुर्णिमा देवी बर्मन को पुरस्कृत किया गया। 

कुलधर ने कहा, '' अगर लोग हिंसा पर कोई प्रतिक्रिया नहीं करेंगे और इसके रोकने के कुछ नहीं करेंगे तो यह लोगों के घर तक पहुंचेगा और बच्चे सोचेंगे कि इस स्थिति में कुछ भी गलत नहीं है।'' इस मौके पर पुलिस महानिदेशक ने युवा पीढ़ी में सही मूल्य भरने पर जोर दिया। यह अवार्ड असम की 'वुमन्स हब' द्वारा पूर्वोत्तर की पहली महिला आईपीएस अधिकारी यामिन हजारिका की याद में दिया जाता है। हजारिका की मौत 1999 में ल्यूकेमिया से 43 साल की उम्र में हो गई थी। 

India TV पर देश-विदेश की ताजा Hindi News और स्‍पेशल स्‍टोरी पढ़ते हुए अपने आप को रखिए अप-टू-डेट। National News in Hindi के लिए क्लिक करें भारत सेक्‍शन
Web Title: मॉब लिंचिंग पर अगर मूक दर्शक बने रहे तो हिंसा लोगों के घर तक पहुंचेगी: असम पुलिस महानिदेशक- Director General of assam comment don;t be silent over mob lynching
Write a comment