Live TV
GO
Hindi News पैसा बिज़नेस वालमार्ट ने लखनऊ में खोला देश...

वालमार्ट ने लखनऊ में खोला देश का दूसरा फुलफिलमेंट सेंटर, अगले तीन साल में खुलेंगे 20 थोक केन्द्र

रिटेल क्षेत्र की अमेरिकी कम्पनी वालमार्ट ने आज उत्तर प्रदेश में अपना पहला बिजनेस-टू-बिजनेस फुलफिलमेंट सेंटर (एफसी) खोलने का एलान किया।

Sachin Chaturvedi
Sachin Chaturvedi 23 Jul 2018, 19:23:09 IST

लखनऊ। रिटेल क्षेत्र की अमेरिकी कम्पनी वालमार्ट ने आज उत्तर प्रदेश में अपना पहला बिजनेस-टू-बिजनेस फुलफिलमेंट सेंटर (एफसी) खोलने का एलान किया। कंपनी ने इस मौके पर घोषणा की है कि वह अगले तीन साल में भारत में 20 थोक केन्द्र खोलेगी। 

वालमार्ट इण्डिया के अध्यक्ष और मुख्य अधिशासी अधिकारी कृष अय्यर ने यहां प्रेस कांफ्रेंस में यह घोषणा करते हुए कहा कि लखनऊ में खुलने वाला यह केन्द्र मुम्बई के बाद भारत का दूसरा वालमार्ट एफसी होगा। इसका प्रबंधन वालमार्ट की साझीदार डीएचएल इंडिया द्वारा किया जाएगा। तीसरा एफसी हैदराबाद में खोलने की योजना है। 

उन्होंने बताया कि इस एफसी में खुदरा व्यवसायी आनलाइन आर्डर दे सकेंगे, जिसकी सुपुर्दगी उन्हें अपनी दुकान पर मिलेगी। इस एफसी से लखनऊ और आसपास के 100 किलोमीटर के दायरे में आने वाले स्थानों पर मौजूद कारोबारी सदस्यों को सुविधाएं उपलब्ध करायी जाएंगी। इस एफसी से रोजगार के करीब 1500 प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष अवसर पैदा होंगे। 

उन्होंने बताया कि कम्पनी अगले तीन साल में 20 कैश एण्ड कैरी स्टोर खोलेगी। इनमें से दो स्टोर इस साल खुलेंगे। उसके अगले वर्ष आठ और उसके अगले साल 10 स्टोर खोलने की योजना है। उत्तर प्रदेश में कम्पनी ने ऐसे केन्द्र खोलने के लिये 15 स्थान चिह्नित करके औपचारिक समझौते किये हैं। ये स्टोर अगले पांच साल में काम शुरू कर देंगे। 

अय्यर ने बताया कि इस वक्त उत्तर प्रदेश में वालमार्ट के कुल चार तथा पूरे भारत में 21 कैश एण्ड कैरी स्टोर संचालित किये जा रहे हैं। कम्पनी की कानपुर, मुरादाबाद, वाराणसी, गोरखपुर, सहारनपुर, लखनऊ और गाजियाबाद में ‘बेस्ट प्राइस‘ स्टोर खोलने की योजना है। कम्पनी का अगले सात वर्षों में 50 और स्टोर खोलने का लक्ष्य है। 

वालमार्ट के कारण भारत के छोटे व्यवसायियों के कारोबार पर असर पड़ने सम्बन्धी आशंकाओं के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि हिन्दुस्तान बहुत बड़ा देश है। यहां अलग-अलग तरह के उपभोक्ताओं की भिन्न-भिन्न पसंदगी और प्राथमिकताएं हैं। वालमार्ट का अपना अलग उपभोक्ता आधार है। हमें नहीं लगता कि उसकी वजह से छोटे दुकानदारों पर कोई प्रभाव पड़ेगा।